(बैतूल) बैतूल में हाउसिंग बोर्ड का ऑफिस खुलने का समय कलेक्टर को भी नहीं पता होगा..!

बैतूल(हेडलाइन)/नवल वर्मा । जिला मुख्यालय पर हाउसिंग बोर्ड का कार्यालय है। अधिकांश लोगों को तो यह भी नहीं पता है कि यह कार्यालय कहां है। यदि लोग खोजबीन करते हुए इस कार्यालय तक पहुंच भी जाते है तो इस कार्यालय में हमेशा ताला लटका मिलता है। अक्सर लोग यहां आते है और ताला लटका हुआ देखकर बैरंग लौट जाते है। ऐसा नहीं है कि इस कार्यालय में कोई पदस्थ नहीं है, केवल बिल्डिंग बनी हुई है। यहां पर पांच कर्मचारी पदस्थ है, लेकिन एक भी कार्यालयीन समय पर कार्यालय में मौजूद नहीं रहता और पूरे समय यहां ताला डला रहता है। दिन में कभी कभी आधे घंटे 10 मिनट के लिए कार्यालय खुलता है और फिर बंद हो जाता है।
- बैठकों तक में नहीं जाते अधिकारी...
हाउसिंग बोर्ड के अधिकारी और कर्मचारी जिला पंचायत और जनपद पंचायत सहित अन्य निर्माण संबंधी बैठकों में भी नहीं जाते है।
- सरकारी डाक लेना वाला भी नहीं...
हाउसिंग बोर्ड को कलेट्रेक्ट या कहीं किसी अन्य विभाग से पत्र, नोटिस आदि जो सरकारी डाक कर्मचारी लेकर जाता है तो वहां लेना वाला भी कोई नहीं रहता।
- सहायक यंत्री सहित पांच कर्मचारी पदस्थ...
सदर हाउसिंग बोर्ड बने कार्यालय में एक सहायक यंत्री, दो उपयंत्री और एक लिपिक और एक कार्यालय सहायक पदस्थ है। यहां पर सहायक यंत्री और उपयंत्री को तो हाउसिंग बोर्ड के रहने वाले नागरिकों ने भी कभी आते-जाते नहीं देखा। यह लोग कहां रहते है और क्या करते है किसी को कोई जानकारी नहीं होती।
- हाउसिंग बोर्ड के पास है दो बड़े प्रोजेक्ट...
बैतूल जिले में हाउसिंग बोर्ड के पास दो वर्तमान में दो प्रोजेक्ट है। एक पुन: घनत्वीकरण नीति के तहत कढ़ाई में जेल निर्माण और दूसरा प्रोजेक्ट कोसमी में हाउसिंग कालोनी का निर्माण जहां करीब एक सैकड़ा मकान बनाए जा रहे है।
नवल वर्मा हेडलाइन बैतूल 05 मार्च 2025