बैतूल(हेडलाइन)/नवल वर्मा। बिहार की तर्ज पर मध्यप्रदेश में भी विशेष सघन पुर्नरक्षण (एसआईआर) की तैयारी शुरू हो गई है और इसलिए 2003 की मतदाता सूची की मेपिंग 2025 की सूची से करवाई जा रही है। बैतूल जिले में बीएलओ के माध्यम से यह प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। हालाकि यह 3 दिन में प्रक्रिया पूरी हो जाना चाहिए थी, लेकिन यह अभी 12 दिन में भी पूरी नहीं हो पाई है। बताया जा रहा है कि करीब-करीब 80 फीसदी काम हो चुका है। जो जानकारी सामने आ रही है उसके अनुसार मेपिंग 2003 और 2025 की वोटर लिस्ट के आधार पर 17 सितम्बर से शुरू हुई है। इन 22 वर्षो में जो मतदाता बढ़े है और जिन वोटर के नाम दोनों सूची में है या जिनके माता-पिता दोनों या किसी एक का नाम 2003 की सूची में है और उनके बच्चों का नाम 2025 की सूची में है तो उन्हें कोई प्रमाण नहीं देना होगा। शेष बचे अन्य को एसआईआर के समय निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित दस्तावेज देने होंगे। 

 

- २००३ और २०२५ की मतदाता सूची मेपिंग से यह देखा जा रहा...

1 - ऐसे वोटर की संख्या जो 2003 और 2025 की मतदाता सूची में दर्ज है। ऐसे जिनके नाम 2025 में है पर 2023 की लिस्ट में नही है और इनका जन्म 1 जुलाई 1987 के पहले भारत के पहले हुआ है। 

2 - ऐसे वोटर जिनका नाम 2025 की वोटर लिस्ट में है इनका जन्म 1 जुलाई 1987 से 2 दिसम्बर 2004 के बीच हुआ है। इनके माता-पिता के नामा 2003 की लिस्ट में है या नहीं। 

3 - ऐसे वोटर जिनका नाम 2025 की सूची में है और जिनका जन्म 2 दिसम्बर 2004 के बाद हुआ है इनके माता-पिता का नाम 2003 की वोटर लिस्ट में शामिल है या नहीं इनकी संख्यात्मक जानकारी।

नवल वर्मा हेडलाइन बैतूल 29 सितम्बर 2025