बैतूल(हेडलाइन)/नवल वर्मा।  मध्यप्रदेश में 17 मेडिकल कॉलेज पीपीपी मोड पर बनने वाले है और इन्हीं मेडिकल कॉलेज में बैतूल का भी मेडिकल कॉलेज शामिल है। इस मेडिकल कॉलेज के स्थापना के लिए जो प्रक्रिया चल रही है उसमें आरकेडीएफ ग्रुप बैतूल में मेडिकल कॉलेज की स्थापना करेगा। बैतूल में कोसमी क्षेत्र में जमीन चिन्हित किए जाने की जानकारी भी सामने आ रही है। यह जमीन एक रूपए वार्षिक लीज दर पर दी जाएगी और करीब ढाई एकड़ लिए जाने का प्रावधान है। करीब दो माह पहले जिले के जनप्रतिनिधियों के साथ स्वास्थ्य मंत्री और उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने जो समीक्षा की थी उसमें बताया गया था कि पीपीपी मोड के मेडिकल कॉलेज के साथ ही जिला चिकित्सालय का उन्नयन कर इसे 300 बेड से बढ़ाकर 675 बेड का किया जाएगा। साथ ही यह दावा किया गया था कि अस्पताल में कैथ लेब, सीटी स्केन, एमआरआई जैसी सुविधाएं होगी। कहा गया कि यहां पर संचालित मेडिकल कॉलेज के एमबीबीएस और पीजी के जो छात्र रहेंगे वे जिला चिकित्सालय में अपनी सेवाएं देेंगे क्योंकि यह प्रायवेट मेडिकल कॉलेज अपने लिए जिला चिकित्सालय का ही उपयोग करेगा। बैतूल में इस बात को लेकर कई तरह की शंकाए है कि पीपीपी मोड के मेडिकल कॉलेज के चक्कर में जिला चिकित्सालय में जो स्वास्थ्य सुविधाएं नि:शुल्क मिलती है उसके लिए शुल्क लग सकता है। पूर्व मेंं इसको लेकर अलग-अलग स्तर पर विरोध प्रदर्शन भी हुआ था। वहीं दूसरी ओर बैतूल में आम लोगों की मांग यह है कि बैतूल में जो मेडिकल कॉलेज खुले वह पूरी तरह से सरकारी हो। पीपीपी मोड के मेडिकल कॉलेज को लेकर आम लोगों में जरा भी उत्साह नहीं है। अभी तक पीपीपी मोड के मेडिकल का कोई फायदा लोगों को समझ नहीं आया। 

- ऐसे होगा भूमि आवंटन...
1 - चिन्हित भूमि का संयुक्त निरीक्षण, संचानालय के अधिकारी सफल निविदाकार एवं राजस्व विभाग के प्रतिनिधियों के साथ किया जाएगा। इसके पश्चात भूमि का विधिवत सीमांकन जिला कलेक्टर के माध्यम से किया जाएगा। इसमें से 2.5 भूमि का चिन्हाकंन किया जाएगा। 
2 - उक्त भूमि का कब्जा विभाग के प्रतिनिधियों के रूप सीएमएचओ द्वारा प्राप्त किया जाएगा। 
3 - भूमि का नक्शा एवं उस पर उपलब्ध समस्त परिसंपत्तियों की जानकारी कंसर्न एग्रीमेंट के प्रावधान अनुसार तैयार किया जाएगा।
4 - संचानालय एवं सफल निविदाकार द्वारा कंसर्न एग्रीमेंट अनुसार आवश्यक शर्तो की पूर्ति कर लेने के बाद कंसन्स एग्रीमेंट में उल्लेखित समस्त जानकारियों सहित लीज एग्रीमेंट स्वीकृति के लिए शासन को भेजा जाएगा।
5 - विभाग के अनुमोदन के बाद आयुक्त लोक स्वास्थ्य लीज निष्पादित की जाएगी और उसके 15 दिन बाद कब्जा दिलाया जाएगा। 
6 - नजूल निवर्तन नियम 2020 के अनुसा राजस्व विभाग को जानकारी प्रस्तुत करना होगा।
नवल वर्मा हेडलाइन बैतूल 28 अक्टूबर 2025