बैतूल(हेडलाइन)/नवल वर्मा। शहर के 33 वार्ड सहित मुख्य सडक़ों पर रात्रिकालीन सफाई व्यवस्था के लिए लगाया गया टेण्डर बता रहा है कि दाल में काला नहीं बल्कि पूरी दाल काली है। टेण्डर बनाने वाले अधिकारियों ने किस मानसिकता और किस सोच के साथ टेण्डर डिजाईन किया और उसकी शर्ते तय की यह गहन जांच का विषय है। आश्चर्यंजनक बात यह है कि नगरपालिका में शासन ने ऑडिटर बैठा रखा है, इनकी जिम्मेदारी ही यह है कि टेण्डर से संबंधित किसी भी चौंकाने वाले परिवर्तन को लेकर अपनी आपत्ति दर्ज कराए। सफाई के टेण्डर के मामले में ऑडिटर द्वारा आपत्ति नहीं लिया जाना तमाम तरह के संदेह को जन्म दे रहा है। जानकार का कहना है कि वर्तमान में ईमानदार सीएमओ और जनहितैषी नगरपालिका अध्यक्ष को तत्काल इस संबंध में संज्ञान लेना चाहिए। सबसे पहले उन्हें टेण्डर खोलने से रोकना चाहिए और इसके बाद शर्तो को लेकर टेण्डर बनाने वाले अधिकारियों से पूछना चाहिए कि इस तरह की शर्ते डालने के पीछे उनकी मंशा क्या है? यह भी पूछा जाना चाहिए कि इस तरह की शर्ते जोडऩे के लिए क्या शासन या नगरीय प्रशासन विभाग ने कोई दिशा निर्देश जारी किए थे? उन्हें यह भी पूछना चाहिए कि इस तरह का टेण्डर बनाने और शर्ते जोडऩे से स्थानीय फर्म या व्यक्ति को क्या प्राथमिकता मिलेगी, यदि नहीं मिलेगी तो क्यों? पूरा टेण्डर अपने आप विवाद को जन्म दे रहा है और इसके लिए इस टेण्डर में जोड़ी गई अनुभव आदि की शर्ते है जो चीख-चीखकर बता रही है कि यह शर्ते जोडऩे से पीछे किसी फर्म या ठेकेदार को उपकृत करने की मंशा है। यह सर्वविदित है कि नगरपालिका में पिछले कुछ समय से टेण्डर में कुछ विशेष शर्ते जोडक़र नए और स्थानीय लोगों को भाग लेने से ही बाहर किया जा रहा है। अब ऐसी स्थिति में जनप्रतिनिधियों की नैतिक जिम्मेदारी है कि वे त्वरित संज्ञान ले और अधिकारियों की समझाने वाली भाषाशैली में उलझकर ना रह जाए। 

- इन शर्तो को लेकर टेण्डर बनाने वाले अफसरों से मांगा जाए जवाब...
1 - आखिर क्या जरूरत पड़ गई कि 100 कर्मचारी प्रदाय करने के लिए किसी नगरीय निकाय से अनुभव प्रमाण पत्र की जरूरत पड़ रही है, यह कोई राकेट साईंस नहीं है कोई भी इस तरह का काम एक सामान्य नया ठेकेदार या फर्म भी करवा सकता है। 
2 - क्या इसके पहले जो रात्रिकालीन मुख्य सडक़ों के लिए सफाई का ठेका हुआ था उसमें भी इसी तरह तीन नगरीय निकायों से कर्मचारी प्रदाय का अनुभव प्रमाण पत्र मांगा गया था। यदि नहीं तो इस बार इस तरह की शर्ते क्यों जोड़ी गई?
3 - जब पहली बार बैतूल नगरपालिका ने शहर में रात्रिकालीन मुख्य सडक़ों की सफाई की शुरूआत की थी क्या उस समय जिस ठेकेदार या फर्म को काम दिया गया था क्या उससे भी तीन वर्ष तक 50 कर्मचारी उपलब्ध कराने का कार्य अनुभव मांगा गया था?
4 - जब पूर्व के टेण्डर में इस तरह की स्थितियां नहीं रही होगी तो फिर अचानक इस बार टेण्डर में यह नई शर्ते जोडऩे से के पीछे क्या मंशा है ? और किस फर्म या ठेकेदार को उपकृत किया जाएगा?
नवल वर्मा हेडलाइन बैतूल 13 मई 2026