बोले- संत-महात्माओं को किया जा रहा प्रताडि़त, उनका राजनीति में होना बहुत जरूरी


भोपाल । इस साल मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। एक तरफ राजनीतिक दल चुनाव को लेकर अपनी सियासी बिसात बिछाने में जुट गए हैं। वही दूसरी तरफ प्रदेश की सियासत में बाबाओं की भी एंट्री हो गई है। बाबा मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव लड़ेंगे। दरअसल, राष्ट्रव्यापी जनता पार्टी के अध्यक्ष आचार्य देव मुरारी बापू ने प्रदेश की 230 विधानसभा सीटों पर प्रत्याशी उतारने ऐलान किया है।
आचार्य देव मुरारी बापू ने कहा कि संतों का राजनीति में होना बहुत जरूरी है, क्योंकि संतों के बिना सत्ता दल, राजनीतिक पार्टियां बेलगाम हो चुकी हैं। संत-महात्माओं को प्रताडि़त किया जा रहा है। उनको मारा जा रहा है। मठ-मंदिरों पर गुंडा-मफियाओं के कब्जा हो रहे हैं, गौशालाओं की बड़ी दुर्दशाएं हैं। इसीलिए संत जब तक राजनीतिक पार्टी के रूप में आगे नहीं बढ़ेंगे, तब तक संतों का संरक्षण नहीं होगा। गौमाताओं की रक्षा नहीं होगी। संत और गौमात जब तक सुरक्षित नहीं हैं, तब तक धर्म की बात करना बहुत बड़ी बात है, क्योंकि इन दोनों के बिना धर्म की रक्षा नहीं हो सकती। दोनों का बढऩा बहुत जरुरी है। आचार्य देव मुरारी बापू ने कहा कि आज के समय में गुंडे-माफियाओं का बोलबाला है। संत महात्माओं का हर पार्टी के लोग दोहन करते हैं। संतों का दोहन ना हो, संत का सम्मान हो.. संतों के सम्मान के लिए राष्ट्रव्यापी जनता पार्टी के अध्यक्ष होने के नाते संत समाज और समाज सेवियों को हम अपनी पार्टी से मध्य प्रदेश के 2023 के विधानसभा चुनाव में संपूर्ण सीटों पर प्रत्याशी उतारने का काम करेंगे।